जाने क्या बात है नींद नही आती, आज की रात
जाने क्या है बात?
नींद नही आती आज की रात।
मेरे मन का मालिक बहुत बा असर है।
खयालों में हर पल उसी का असर है।
हुई खुद से लापता,
ढूंढती ना जाने कौन सा पता।
खुद से बेखबर ,बेचैन सी नजर,
सूझता नही कुछ, जाने किस का असर?
जूझता है मन सवालों में
आए एक चेहरा खयालों में।
जादू सा हो रहा उसका असर
आज की रात,
नीद नही आती जाने क्या है बात?
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